पाठ्य विषय

(विशेष- सत्र २०१० से कक्षा षष्ठ की विज्ञान एवं गणित  विषय का शिक्षण अंग्रेजी माध्यम से प्रारम्भ)

 

षष्ठ अष्टम

१.हिन्दी                   २.अंग्रेजी                         ३.गणित                        ४.विज्ञान                         ५.सामाजिक विषय                      ६.संस्कृत          ७.चित्रकला                ८.नैतिक शिक्षा (संस्कृति ज्ञान)९.शारीरिक एवं योग शिक्षा    १०.कम्प्यूटर                      ११.वैदिक गणित                      १२.व्यावसायिक      -शिक्षा

 

नवम एवं दशम

१.हिंदी                     २.अंग्रेजी                         ३.गणित                         ४.सामाजिक विज्ञान              ५.विज्ञान                              ६.संस्कृत, कला, कम्प्यूटर, वाणिज्य में से कोई एक                        ७.शारीरिक एवं नैतिक शिक्षा

 

एकादश एवं द्वादश विज्ञान

१.सामान्य हिन्दी         २.अंग्रेजी                         ३.भौतिक विज्ञान                ४.रसायन विज्ञान                 ५.गणित या जीव विज्ञान             ६.शारीरिक एवं नैतिक शिक्षा              ७.कम्प्यूटर

 

वाणिज्य वर्ग

१.सामान्य हिन्दी        २.अंग्रेजी                          ३.लेखाशास्त्र                    ४.व्यवसायिक संगठन              ५.बैंकिंग या कम्प्यूटर                ६.शारीरिक एवं     -नैतिक शिक्षा

 

परीक्षा तथा मूल्यांकन

> विद्या मंदिर में अर्द्धवार्षिक एवं वार्षिक परीक्षाओं का संचालन प्रांतीय समिति द्वारा किया जाता है. प्रश्न-पत्र केंद्र द्वारा भेजे जाते है. प्रतिभाशाली छात्रों को पुरस्कार प्रदान करने की व्यवस्था है. इसके अतिरिक्त विद्यालय स्तर पर मासिक परीक्षाओं की भी व्यवस्था है.

> किसी भी परीक्षा में अनुपस्थित रहने पर उचित प्रमाण के सहित प्रार्थना-पत्र प्रेषित करना अनिवार्य है.

 

द्रष्टव्य :

> प्रत्येक छात्र का स्वास्थ्य परीक्षण कराया जायेगा. स्वास्थ्य सम्बन्धी सूचना अभिभावक को समय-समय पर दी जाएगी.

> सामूहिक जलपान की व्यवस्था विद्यालय संस्कार का एक अंग है. छात्र द्वारा टिफिन में लाया गया जलपान सात्विक एवं पौष्टिक होना चाहिये.

> छात्रों के सर्वांगीण विकास हेतु  विद्यालय द्वारा समय-समय पर देशाटन, वन-विहार, बाल शिविर बौध्दिक प्रतियोगिताओँ तथा अन्यान्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है. सूचना के अनुसार प्रत्येक अभिभावक का सहयोग अपेक्षित है.

> अच्छे कार्य हेतु छात्र को प्रशंसा पत्र एवं पुरस्कार भी देने की व्यवस्था है,